27/09/2022
काकी सा के आज पड़ोसन बाजरी खूटाने आई थी जब थक कर बैठ गई काकी सा हंसती हुई बोली अजी ईयो कोई थकीया अजी ऊबर आधि नहीं आई मैंरी तो 60 से ऊपर उम्र हो गई पण खेत में काम करू तो थकान आवे कोयनी ऊनका कारण बुजुर्गों की खाना पीना कुछ अलग थी घी दूध दही बिना तेल की सब्जी मतीरे की खाने का कुछ आनंद ही अलग है आज के समय में सब्जी कम भगोले में तेल ज्यादा होता है फिर इन बुजुर्गों का बराबरी कहां से होती है ❤️❤️🙏 जय जवान जय किसान 🙏❤️ काकी सा की तरफ से सब ने घणा घणा राम राम Ladhu Choudhary