04/06/2026
साथियों नमस्कार।
आज की यह पोस्ट गुड़ के रख-रखाव संबंधी जानकारी देने हेतु लिखी जा रही है।
कच्ची चासनी से बना हुआ गुड़ बहुत ही जल्दी खराब होता है। कोल्हू वालों को कच्ची चासनी का गुड़ बनाने से कई प्रकार से बचत होती है जैसे कि कम समय में तैयार, ज्यादा मात्रा में तैयार, ईंधन की बचत आदि-आदि।
खैर छोड़िये!
काम की बात पढ़िए - हो सके तो तसल्ली की जगह से उत्पाद लीजिए और जितना हो सके सीधा उस उत्पादक से लीजिए, जो कि बिना केमिकल प्रयोग किए उत्पादन करता हो।
गुड़ पछुआ हवा में 1-2 दिन छाया में सुखाकर air-tight डिब्बे में रखें। इस डिब्बे में कुछ tissue paper डाल दें या फिर एक मुट्ठी चावल कपड़े की एक छोटी सी पोटली में बांधकर डिब्बे में रख दें। इसे समय-समय पर संभालते रहें।
गुड़ का रंग इसके पुराना होने पर कॉफी जैसा गहरा हो जाता है। लेकिन पुराने गुड़ के गुण बढ़ जाते हैं। वैद इसे दवाई बताते हैं।
अगर शुद्ध गुड़ होगा तो खराब नहीं होगा।
शुद्ध खाने के इच्छुक जन हमारे व्हाट्सएप नंबर - 9817800355 पर सम्पर्क कर सकते हैं। देशभर में सामान पार्सल से भेजा जाता है।
Google पर Jaivik Bhog और Jaivik Heritage ; दोनों नाम से मिलेंगे। वहाँ हमारे बारे में कुछ और जान सकते हैं।
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नमस्कार।